किराये पर मुर्गी फार्म देना पड़ा महंगा, लौटे तो गायब मिला 2.80 लाख का सामान

आजमगढ़ आजमगढ़ क्राइम आजमगढ़ खास खबर आजमगढ़ ग्रामीण आजमगढ़ शहर


विदेश से लौटे मालिक ने देखा फार्म का हाल तो उड़े होश, 37 सीलिंग पंखे समेत सरिया-गिट्टी और बालू बेचने का आरोप; रकम मांगने पर जान से मारने की धमकी

आजमगढ़। रौनापार थाना क्षेत्र के हिरनई गुल्लीगढ़ गांव में मुर्गी फार्म, गौशाला और पोखरी किराये पर देना एक व्यक्ति को भारी पड़ गया। विदेश से लौटकर फार्म पहुंचे मालिक को वहां रखे लाखों रुपये के सामान का पता नहीं चला। आरोप है कि किरायेदार ने फार्म में लगे 37 सीलिंग पंखे, कार्यालय का पंखा, कूलर समेत करीब पांच क्विंटल सरिया, दो ट्रॉली गिट्टी और दो ट्रॉली बालू को कथित तौर पर बेच दिया। सामान की कीमत करीब 2.80 लाख रुपये बताई गई है। पीड़ित का आरोप है कि नुकसान की रकम मांगने पर उसे गाली-गलौज करते हुए जान-माल की धमकी दी गई।मामले में पुलिस स्तर से कार्रवाई न होने पर पीड़ित ने न्यायालय की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर रौनापार थाने में पांच नामजद समेत तीन अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने मामले की विवेचना उपनिरीक्षक सुभाष तिवारी को सौंपी है।

2022 में किराये पर दिया था पूरा परिसर

हिरनई गुल्लीगढ़ निवासी अब्दुर्रब पुत्र निजामुद्दीन के अनुसार, उसकी जमीन पर वर्ष 2014 में मुर्गी पालन के लिए फार्म, पशुपालन के लिए गौशाला और मछली पालन के लिए पोखरी बनवाई गई थी। वर्ष 2022 में मुर्गी फार्म के विस्तार के लिए उसने पांच क्विंटल सरिया, दो ट्रॉली गिट्टी और दो ट्रॉली बालू भी मंगाई थी।इसी दौरान गांव के मुख्तार अहमद ने मुर्गी पालन, पशुपालन और मछली पालन के लिए पूरा परिसर किराये पर लेने की इच्छा जताई। दोनों पक्षों में सहमति बनने के बाद 1 अक्टूबर 2022 को मुर्गी फार्म, गौशाला और पोखरी किराये पर दे दी गई।

विदेश से लौटे तो फार्म से सामान गायब

पीड़ित के मुताबिक वह विदेश चला गया था। 22 सितंबर 2025 को वापस लौटने के बाद जब उसने अपने मुर्गी फार्म का निरीक्षण किया तो वहां का नजारा देखकर उसके होश उड़ गए। फार्म में लगे 37 सीलिंग पंखे, कार्यालय का पंखा और कूलर गायब थे। इतना ही नहीं, फार्म विस्तार के लिए रखी गई सरिया, गिट्टी और बालू का भी कोई पता नहीं था। आरोप है कि किरायेदार और उसके सहयोगियों ने बिना जानकारी दिए सामान बेच दिया। इससे करीब 2.80 लाख रुपये का नुकसान होने का दावा किया गया है।

रकम मांगी तो धमकी देने का आरोप

अब्दुर्रब के अनुसार, 15 नवंबर 2025 को उसने आरोपियों से सामान बेचे जाने के संबंध में पूछताछ की और नुकसान की भरपाई के लिए 2.80 लाख रुपये मांगे। आरोप है कि इस पर उसके साथ गाली-गलौज की गई और मारपीट पर आमादा होते हुए जान से मारने की धमकी दी गई। बाद में गांव में पंचायत हुई, जिसमें आरोपियों की ओर से एक माह के भीतर 2.80 लाख रुपये देने की बात तय हुई। लेकिन समय गुजरने के बाद रकम मांगने पर कथित रूप से फिर गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी गई।

थाने से एसएसपी तक गुहार, नहीं हुई सुनवाई

पीड़ित ने मामले की शिकायत पहले रौनापार थाने में की। कार्रवाई न होने पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक से भी गुहार लगाई, लेकिन आरोप है कि इसके बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। अंततः उसने न्यायालय में प्रार्थना पत्र दाखिल किया। कोर्ट के आदेश के बाद 7 अगस्त 2026 को रौनापार थाने में मुख्तार अहमद, आलमर, ताहिर, तमीम और जासीन समेत तीन अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *