
नौकरी से निकाले जाने के बाद बढ़ी रंजिश, डॉक्टर को मिली जान से मारने की धमकी!
CCTV में संदिग्ध गतिविधियां दिखने का दावा, बातचीत में साजिश का खुलासा होने का आरोप; पुलिस ने शुरू की जांच
आजमगढ़। तरवां थाना क्षेत्र में एक डॉक्टर ने अपने पूर्व कर्मचारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस से सुरक्षा की गुहार लगाई है। डॉक्टर का आरोप है कि नौकरी से निकाले जाने से नाराज तीन लोगों ने उनकी हत्या की साजिश रची और कई दिनों से उनकी गतिविधियों पर नजर रख रहे थे। शिकायत के आधार पर पुलिस ने तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
नौकरी गई तो शुरू हो गई कथित रंजिश
एफआईआर के मुताबिक शिकायतकर्ता डॉ. श्यामलाल तरवां क्षेत्र के कमहरिया स्थित अपने अस्पताल का संचालन करते हैं। उनके यहां हरिओम उर्फ गोलू, सिद्धार्थ और रजजत यादव काम करते थे। शिकायतकर्ता का कहना है कि कामकाज ठीक नहीं होने के कारण तीनों को नौकरी से हटा दिया गया था। इसके बाद से ही उनके और आरोपियों के बीच रंजिश बढ़ गई।
अस्पताल के आसपास मंडराने लगे संदिग्ध लोग
डॉक्टर ने आरोप लगाया कि नौकरी से निकाले जाने के बाद आरोपी उनकी गतिविधियों पर नजर रखने लगे। अस्पताल के CCTV कैमरों को खंगालने पर उन्हें संदिग्ध गतिविधियां दिखाई दीं। शिकायतकर्ता के अनुसार, इससे उन्हें अपने साथ किसी अनहोनी की आशंका होने लगी।
बातचीत में सामने आई हत्या की साजिश का दावा
एफआईआर में डॉक्टर ने बताया कि उन्होंने मामले की जानकारी स्थानीय लोगों को दी और आरोपियों के संबंध में जानकारी जुटाने का प्रयास किया। तहरीर के अनुसार आरोपियों को बुलाकर बातचीत की गई, जिसमें डॉक्टर ने दावा किया कि उनकी हत्या की साजिश की बात सामने आई। बातचीत के दौरान कही गई बातों को डॉक्टर ने रिकॉर्ड किए जाने का भी उल्लेख किया है।
राजनीतिक कनेक्शन का भी लगाया आरोप
शिकायतकर्ता ने अपनी तहरीर में आरोप लगाया कि तीनों आरोपी एक पूर्व सांसद के समर्थक होने की बात कहते थे। डॉक्टर ने यह भी आरोप लगाया कि राजनीतिक विद्वेष के चलते उनकी हत्या की साजिश रची जा रही है। हालांकि, ये सभी बातें शिकायतकर्ता के आरोप हैं और इनकी पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
डर के साये में अस्पताल चलाने का आरोप
डॉक्टर ने पुलिस को बताया कि कथित निगरानी के कारण उन्हें अपनी सुरक्षा को लेकर डर बना हुआ है। उन्होंने आरोपियों से अपनी जान को खतरा बताते हुए पुलिस से सुरक्षा और सख्त कार्रवाई की मांग की।
तीन नामजद, पुलिस ने शुरू की विवेचना
पुलिस ने शिकायत के आधार पर हरिओम उर्फ गोलू, सिद्धार्थ और रजजत यादव के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 61(2), 351(3) और 49 के तहत FIR दर्ज की है। मामले की विवेचना उपनिरीक्षक/निरीक्षक अतुल कुमार मिश्रा को सौंपी गई है। अब पुलिस आरोपों की जांच, उपलब्ध साक्ष्यों और संबंधित लोगों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई करेगी।