
दोषियों को फांसी, पीड़ित परिवार को एक करोड़ मुआवजा, सरकारी नौकरी और पुनर्वास की मांग
आजमगढ़। गोरखपुर में आजमगढ़ निवासी 10 वर्षीय बालिका दीपिका शर्मा के साथ कथित दुष्कर्म के बाद हुई नृशंस हत्या के विरोध में मंगलवार को आजमगढ़ में नाई, सविता एवं सलमामी समाज ने जोरदार आक्रोश व्यक्त किया। भारतीय नाई, सविता, सलमामी महासभा के जिलाध्यक्ष रमेश शर्मा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की मांग की।
दोषियों के लिए कठोरतम सजा की मांग
महासभा ने ज्ञापन में कहा कि यह घटना मानवता को झकझोर देने वाली है और पूरे समाज में गहरा रोष व्याप्त है। संगठन ने मांग की कि मामले के दोषियों को शीघ्र गिरफ्तार कर फास्ट ट्रैक कोर्ट में मुकदमा चलाते हुए फांसी की सजा दिलाई जाए। साथ ही यदि किसी पुलिसकर्मी की संलिप्तता सामने आती है तो उसके विरुद्ध भी कठोरतम कार्रवाई की जाए।
पीड़ित परिवार के लिए आर्थिक सहायता और पुनर्वास
संगठन ने सरकार से पीड़ित परिवार को एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता, परिवार के एक योग्य सदस्य को सरकारी नौकरी, पुनर्वास के लिए आवासीय एवं कृषि योग्य भूमि उपलब्ध कराने की मांग की। इसके अलावा दोषी के मकान पर बुलडोजर कार्रवाई की मांग भी ज्ञापन में शामिल की गई।
बड़ी संख्या में समाज के लोग रहे मौजूद
ज्ञापन सौंपने के दौरान जिलाध्यक्ष रमेश शर्मा के साथ सोनू शर्मा, राम जन्म शर्मा, प्रणव कुमार शर्मा, विनोद शर्मा, वासुदेव शर्मा, सुभाष शर्मा, दीनदयाल, अंगद शर्मा, गोविंद शर्मा, सावन शर्मा, डॉ. अजीत त्रिपाठी, संतोष शर्मा, प्रसाद, जवाहर, चंद्रभान शर्मा सहित नाई, सविता एवं सलमामी समाज के अनेक पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।