
पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर 22 मृत व 3 जीवित गौवंश मिलने के चर्चित प्रकरण में पुलिस को मिली बड़ी सफलता
आजमगढ़। तहबरपुर थाना पुलिस ने पूर्वांचल एक्सप्रेसवे पर 22 मृत और 3 जीवित गौवंश मिलने के चर्चित मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए गैंगस्टर एक्ट में वांछित दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपी लंबे समय से फरार चल रहे थे। पुलिस ने इनके कब्जे से दो मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं।
पुलिस के अनुसार, 3/4 जून 2025 की रात पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के किलोमीटर 228.5 पर एक 14 टायर ट्रक संदिग्ध अवस्था में खड़ा मिला था। ट्रक से तेज दुर्गंध आने पर पुलिस ने पशु चिकित्साधिकारी की मौजूदगी में तलाशी ली, जिसमें कुल 25 गौवंश मिले। इनमें 22 की मौत हो चुकी थी, जबकि 3 जीवित गौवंशों का उपचार कर उन्हें सुरक्षित गौशाला भेज दिया गया।
मामले में ट्रक को सीज कर गोवध निवारण अधिनियम, पशु क्रूरता अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान वाहन स्वामी नरेन्द्र कुमार मिश्रा, बुद्धराज पासवान, बरकत और आकाश मिश्रा उर्फ विशाल के नाम सामने आए।
जांच में पुलिस को पता चला कि आरोपित आर्थिक लाभ के लिए संगठित गिरोह बनाकर अवैध गौ-तस्करी का कारोबार करते थे। गिरोह की गतिविधियां कई जिलों तक फैली थीं। इसके बाद आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की गई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में चलाए जा रहे अभियान के तहत शनिवार को तहबरपुर पुलिस ने महुआर तिरंगा तिराहा से गैंगस्टर एक्ट में वांछित आकाश मिश्रा उर्फ विशाल और नरेन्द्र कुमार मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया। दोनों के कब्जे से दो मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, नरेन्द्र कुमार मिश्रा के खिलाफ वर्ष 2025 के गौ-तस्करी मामले में मुकदमा दर्ज है, जबकि आकाश मिश्रा उर्फ विशाल के खिलाफ वर्ष 2020 का एक आपराधिक मुकदमा और वर्ष 2025 का गौ-तस्करी प्रकरण पहले से दर्ज है।