
मसुविवि परिसर में नशामुक्त भारत अभियान के तहत निबंध लेखन प्रतियोगिता, विद्यार्थियों ने नशे के दुष्प्रभावों पर रखे विचार
प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने सामाजिक, शारीरिक और मानसिक नुकसान को निबंधों में किया रेखांकित, नशामुक्त समाज के निर्माण में सहभागिता का लिया संदेश
हिंदी न्यूज़ 24
आजमगढ़। महाराजा सुहेलदेव विश्वविद्यालय, आजमगढ़ परिसर में कुलपति प्रो. संजीव कुमार के निर्देशन में नशामुक्त भारत अभियान के अंतर्गत निबंध लेखन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम अधिकारी डॉ. मनीषा सिंह एवं शांभवी तिवारी के संयोजन में आयोजित प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और नशामुक्त समाज के निर्माण में उनकी सहभागिता सुनिश्चित करना रहा।
विश्वविद्यालय के मीडिया प्रभारी डॉ. प्रवेश सिंह ने बताया कि प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। विद्यार्थियों ने अपने निबंधों के माध्यम से नशीले पदार्थों से होने वाली सामाजिक, शारीरिक और मानसिक हानियों को रेखांकित किया। नशे की बढ़ती प्रवृत्ति को युवाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा और सामाजिक जीवन के लिए गंभीर चुनौती बताते हुए विद्यार्थियों ने इससे बचाव के विभिन्न पहलुओं पर अपने विचार प्रस्तुत किए।
नशे से दूर रहने के लिए किया प्रेरित
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को नशीले पदार्थों से दूर रहने तथा अपने आसपास के लोगों को भी नशामुक्ति के प्रति जागरूक करने के लिए प्रेरित किया गया। वक्ताओं ने युवाओं से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और अपनी ऊर्जा सकारात्मक गतिविधियों में लगाने का आह्वान किया।
आयोजकों ने कहा कि युवाओं में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाकर नशामुक्त समाज के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया जा सकता है। प्रतियोगिता के माध्यम से विद्यार्थियों को स्वस्थ, जागरूक और जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों की सक्रिय सहभागिता रही। विश्वविद्यालय प्रशासन ने नशामुक्त भारत के संदेश को समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचाने के लिए युवाओं की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया।