
डीएम की अनुमति के बाद मुबारकपुर पुलिस ने की कार्रवाई, दोनों पर अंतरजनपदीय स्तर पर संगठित गिरोह चलाने का आरोप
हिंदी न्यूज़ 24
आजमगढ़। मुबारकपुर पुलिस ने गो-तस्करी के आरोप में चिह्नित एक कथित संगठित गिरोह के गैंग लीडर और उसके सदस्य के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार गिरोह अंतरजनपदीय स्तर पर सक्रिय था और आर्थिक व भौतिक लाभ के लिए गोवंश की तस्करी जैसी आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त था। मुकदमा 15 सितंबर 2026 को मुबारकपुर थाने में दर्ज किया गया।
एफआईआर के मुताबिक गैंग चार्ट में अब्दुल सलाम पुत्र मो. मुस्लिम निवासी राजिमऊ, थाना खेतासराय, जौनपुर को गैंग लीडर और शनि गौतम पुत्र लालता प्रसाद निवासी लवायन कन्हई का पूरा, थाना जफराबाद, जौनपुर को गिरोह का सदस्य बताया गया है। पुलिस का आरोप है कि दोनों मिलकर संगठित आपराधिक गिरोह संचालित कर रहे थे।
पिकअप में बंधे मिले थे गोवंश
एफआईआर में दर्ज घटनाक्रम के अनुसार 28 फरवरी 2025 की रात मुबारकपुर क्षेत्र में पुलिस टीम विजरवा अंडरपास के नीचे संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान आजमगढ़ की ओर से जौनपुर जा रही एक पिकअप पुलिस को देखकर तेज गति से भागने लगी। पीछा करने पर पिकअप गुलऊर गांव के पास अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गई। पुलिस के पहुंचने से पहले चालक और उसमें सवार लोग अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकले।
पुलिस के अनुसार पलटी पिकअप में एक बछड़ा और एक गाय रस्सी से क्रूरता पूर्वक बंधे मिले। रस्सियां काटकर दोनों गोवंश को मुक्त कराया गया। पिकअप वाहन को भी पुलिस ने कब्जे में ले लिया। इस मामले में मुबारकपुर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। विवेचना के दौरान अब्दुल सलाम और शनि गौतम के नाम प्रकाश में आने तथा पर्याप्त साक्ष्य मिलने का उल्लेख एफआईआर में किया गया है।
डीएम की अनुमति के बाद कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक विवेचना के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र संख्या A-287/25 दिनांक 27 जुलाई 2025 को न्यायालय में प्रेषित किया जा चुका है। इसके बाद गैंग की गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से तैयार गैंग चार्ट को जिलाधिकारी आजमगढ़ ने 10 सितंबर 2026 को अनुमोदित किया। इसके आधार पर दोनों आरोपियों के खिलाफ उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम, 1986 की धारा 2(b)(xvii)/3(1) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।