
लगभग 20 लाख बतायी जा रही बरामद ई-रिक्शा व बैटरी की कीमत
गिरोह की महिला सदस्य करती थी रेकी, मास्टर की से उड़ाई जाती थी गाड़ी
आजमगढ़। जिले में हो रहे ई-रिक्शा चोरी की घटनाओं का मंगलवार को पुलिस ने पटाक्षेप कर दिया। बडी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने एक अंतरजनपदीय संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया। शहर कोतवाली, विशेष अपराध नियंत्रण टीम, चोरी अनावरण टीम तथा सर्विलांस सेल ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार किया। उनके कब्जे से लगभग 20 लाख रुपये कीमत की आठ चोरी गई ई-रिक्शा, 36 बैटरियां तथा एक मास्टर-की बरामद किया। यह बरामदगी शहर कोतवाली के मोहटी क्षेत्र से की गई।
पुलिस के अनुसार शहर कोतवाली और सिधारी थाना क्षेत्रों में हाल के दिनों में ई-रिक्शा चोरी की कई घटनाएं सामने आई थीं। जिनके खुलासे के लिए संयुक्त टीम गठित की गई थी। उक्त टीम ने सोमवार की देर रात शहर के मोहटी क्षेत्र में मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई किया। इस दौरान छह चोर पकडे गए। जिनकी पहचान मो. मिजान, अखिलेश यादव उर्फ समीर यादव, विनोद जायसवाल, योगेश्वर जायसवाल, बृजेश कुमार गुप्ता तथा तबस्सुम के रूप में की गई। इनमें तबस्सुम मऊ जनपद की रहने वाली हैै, वर्तमान में वह आजमगढ़ में रह रही थी। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि गिरोह में प्रत्येक सदस्य की अलग-अलग जिम्मेदारी तय थी। महिला सदस्य तबस्सुम शहर के विभिन्न इलाकों में बिना निगरानी खड़ी ई-रिक्शाओं की रेकी करती थी। इसके बाद अन्य सदस्य मास्टर-की की मदद से ई-रिक्शा चोरी कर सुनसान स्थान पर ले जाते थे, जहां उनकी बैटरियां और अन्य कीमती सामान निकाल लिया जाता था। बाद में ई-रिक्शा को कबाड़ अथवा अन्य माध्यमों से बेच दिया जाता था। प्राप्त रकम सभी सदस्य आपस में बांट लेते थे। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने थाना कोतवाली एवं सिधारी क्षेत्र में हुई कई ई-रिक्शा चोरी की घटनाओं में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के विरुद्ध संबंधित मुकदमों में अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। वहीं, गिरफ्तार आरोपी अखिलेश यादव उर्फ समीर यादव के खिलाफ पूर्व से चोरी, शस्त्र अधिनियम, पॉक्सो सहित कई गंभीर मामलों में मुकदमे दर्ज हैं।