
पूर्व प्रधान बागेश्वर यादव का पौत्र था श्रेयांस, हादसे से उत्सवी माहौल गम में बदला
पूजा पंडाल के पास बच्चों के साथ खेल रहा था मासूम, बिजली के तार या उपकरण के संपर्क में आने की आशंका
हिंदी न्यूज़ 24
आजमगढ़। दुर्गा पूजा के उत्सवी माहौल के बीच फूलपुर क्षेत्र के जगदीशपुर गांव में सोमवार की रात दर्दनाक हादसे में 12 वर्षीय बालक श्रेयांस यादव की जान चली गई। दुर्गा पूजा पंडाल के पास करंट की चपेट में आने से हुई इस घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया। श्रेयांस पूर्व प्रधान बागेश्वर यादव का पौत्र और इंद्रेश यादव का पुत्र था। मासूम की मौत से परिवार में चीख-पुकार मच गई, जबकि गांव में शोक की लहर दौड़ गई।

बच्चों के साथ खेलते समय हुआ हादसा
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सोमवार की रात श्रेयांस अपने घर के पास स्थित दुर्गा पूजा पंडाल के आसपास अन्य बच्चों के साथ खेल रहा था। इसी दौरान वह कथित तौर पर पंडाल में लगे किसी खुले बिजली के तार या उपकरण के संपर्क में आ गया। करंट लगते ही वह अचेत होकर जमीन पर गिर पड़ा। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। लोगों ने तत्काल बिजली आपूर्ति बंद कराई और बालक को बचाने का प्रयास किया।
अस्पताल पहुंचने पर चिकित्सकों ने मृत घोषित किया
हादसे के बाद परिजन और ग्रामीण आनन-फानन में श्रेयांस को नजदीकी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। मासूम की मौत की खबर मिलते ही परिजनों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। जिस घर और गांव में दुर्गा पूजा को लेकर उत्साह का माहौल था, वहां अब मातम पसरा हुआ है।
पंडालों में बिजली की सुरक्षा पर उठे सवाल
इस दर्दनाक हादसे के बाद दुर्गा पूजा पंडालों में बिजली की सुरक्षित व्यवस्था और खुले तारों से बचाव को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। हालांकि, श्रेयांस किन परिस्थितियों में करंट की चपेट में आया और हादसे का वास्तविक कारण क्या था, इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।