
गैंगस्टर एक्ट के तहत सिधारी पुलिस की कार्रवाई, जेसीबी और हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल कुर्क
हिंदी न्यूज़ 24
आजमगढ़। प्रदेश स्तर पर चिन्हित माफिया ध्रुव सिंह उर्फ कुंटू सिंह के सहयोगी सुनील कुमार सिंह के खिलाफ आजमगढ़ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। जिला मजिस्ट्रेट के आदेश पर गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत सिधारी पुलिस ने सोमवार, 12 अक्टूबर को 28 लाख 90 हजार रुपये बाजार मूल्य की दो संपत्तियों को जब्त कर लिया। जब्त संपत्तियों में एक जेसीबी और एक हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल शामिल है।
घर के बाहर से जब्त किए गए दोनों वाहन
पुलिस के अनुसार, सुनील कुमार सिंह पुत्र तीर्थराज सिंह निवासी ताहिरपुर बघावर, थाना रौनापार के विरुद्ध थाना कोतवाली में गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा संख्या 601/2025 दर्ज है। मामले की विवेचना थाना सिधारी के प्रभारी निरीक्षक कर रहे हैं।
पुलिस रिपोर्ट और उपलब्ध आपराधिक अभिलेखों के आधार पर आरोप है कि अभियुक्त ने अपने गैंग के सदस्यों के साथ मिलकर आपराधिक गतिविधियों से आर्थिक एवं भौतिक लाभ अर्जित किया और उससे अपने नाम पर संपत्तियां खरीदीं। इन संपत्तियों को खरीदने के लिए वैध आय का स्रोत प्रथम दृष्टया ज्ञात नहीं हो सका।
जिला मजिस्ट्रेट के आदेश पर हुई कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक, प्रस्तुत रिपोर्ट और विधिक अभिमत के आधार पर जिला मजिस्ट्रेट ने 3 अक्टूबर 2026 को दोनों वाहनों को कुर्क करने का आदेश दिया था। इसी क्रम में 12 अक्टूबर को सिधारी पुलिस ने अभियुक्त के घर के बाहर से दोनों वाहनों को जब्त कर लिया। जब्ती की एक प्रति अभियुक्त के पुत्र सोनू सिंह को सौंपी गई। इसके बाद दोनों वाहनों को थाना रौनापार परिसर में खड़ा कराया गया।
जेसीबी की कीमत 28 लाख, बाइक 90 हजार रुपये
पुलिस द्वारा जब्त की गई संपत्तियों में जेसीबी संख्या UP-50-DT-4150 शामिल है, जिसका बाजार मूल्य 28 लाख रुपये बताया गया है। वहीं, हीरो स्प्लेंडर मोटरसाइकिल संख्या UP-50-BD-0560 की कीमत 90 हजार रुपये आंकी गई है। दोनों वाहनों का कुल बाजार मूल्य 28 लाख 90 हजार रुपये है।
हत्या के प्रयास समेत सात मुकदमे दर्ज
पुलिस के अनुसार, सुनील कुमार सिंह के खिलाफ हत्या के प्रयास, गैंगस्टर एक्ट, आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट समेत विभिन्न धाराओं में कुल सात मुकदमे दर्ज हैं। इनमें वर्ष 2002 में जीयनपुर थाने में दर्ज मामला, वर्ष 2011 के आर्म्स एक्ट और एनडीपीएस एक्ट के मामले तथा वर्ष 2025 का रौनापार थाने से संबंधित मामला भी शामिल है।
पुलिस की इस कार्रवाई को गैंगस्टर एक्ट के तहत कथित आपराधिक गतिविधियों से अर्जित संपत्तियों के विरुद्ध की गई कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है।