
कुक्कुट किसानों और उद्यमियों को बैंक ऋण, सरकारी योजनाओं व वैज्ञानिक पोल्ट्री प्रबंधन की मिलेगी जानकारी
हिंदी न्यूज़ 24
आजमगढ़। उत्तर प्रदेश पशुपालन विभाग की ओर से प्रदेश के विभिन्न मंडलों में आयोजित किए जा रहे मंडल स्तरीय पोल्ट्री कॉन्क्लेव/कुक्कुट निवेश सम्मेलन के क्रम में 29 सितंबर को आजमगढ़ मंडल में कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। मंडलायुक्त सभागार में होने वाले इस सम्मेलन का उद्देश्य मंडल में पोल्ट्री क्षेत्र को बढ़ावा देने के साथ कुक्कुट किसानों और उद्यमियों को आधुनिक एवं वैज्ञानिक पोल्ट्री प्रबंधन की जानकारी उपलब्ध कराना है।
यह कार्यक्रम सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित किया जा रहा है। सम्मेलन में पोल्ट्री फार्मर्स और उद्यमियों की समस्याओं पर चर्चा के साथ उनके समाधान के लिए संबंधित विभागीय अधिकारियों और विशेषज्ञों की ओर से जानकारी दी जाएगी।
बैंक ऋण और सरकारी योजनाओं की दी जाएगी जानकारी
पोल्ट्री कॉन्क्लेव में कुक्कुट किसानों एवं उद्यमियों को बैंक ऋण, वित्तीय सहायता, कुक्कुट विकास नीति-2022 तथा पोल्ट्री क्षेत्र से संबंधित विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही वैज्ञानिक तरीके से पोल्ट्री फार्म संचालन, आधुनिक प्रबंधन और उत्पादन क्षमता बढ़ाने के उपायों पर भी चर्चा होगी।
सम्मेलन में सफल पोल्ट्री उद्यमियों को अपने अनुभव साझा करने का अवसर मिलेगा। इससे नए उद्यमियों और पोल्ट्री किसानों को इस क्षेत्र में कारोबार शुरू करने तथा उसे आगे बढ़ाने की व्यावहारिक जानकारी मिल सकेगी।
मंडलायुक्त करेंगे कार्यक्रम का उद्घाटन
कार्यक्रम का उद्घाटन मंडलायुक्त आजमगढ़ श्री विवेक (आईएएस) द्वारा किया जाएगा। सम्मेलन में पशुपालन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी भी प्रतिभाग करेंगे। इनमें डॉ. राजेंद्र प्रसाद, निदेशक प्रशासन एवं विकास, लखनऊ; डॉ. अनिल कुमार, अपर निदेशक ग्रेड-1, कुक्कुट विकास मुख्यालय, लखनऊ; डॉ. अश्विनी तिवारी, संयुक्त निदेशक पोल्ट्री, लखनऊ तथा डॉ. बृजेश कुमार त्रिपाठी, उप निदेशक पोल्ट्री, लखनऊ शामिल हैं।
कार्यक्रम का आयोजन डॉ. केपी सिंह, अपर निदेशक ग्रेड-2, आजमगढ़ मंडल के निर्देशन में किया जाएगा। सम्मेलन में आजमगढ़ मंडल के सभी मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी और उप मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी भी प्रतिभाग करेंगे।
पोल्ट्री क्षेत्र में निवेश को मिलेगा प्रोत्साहन
विभाग के अनुसार सम्मेलन का प्रमुख उद्देश्य पोल्ट्री क्षेत्र में निवेश और उद्यमिता को बढ़ावा देना है। किसानों और युवाओं को कुक्कुट पालन से जुड़ी योजनाओं, वित्तीय संसाधनों और आधुनिक तकनीक की जानकारी एक ही मंच पर उपलब्ध कराने से इस क्षेत्र में नए अवसरों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है।